अमेरिकी सरकार के निर्देश पर एंथ्रोपिक ने बंद किए फेबल 5 और मिथोस 5 मॉडल
द्वारा Mag-Info Tech editorial · 2026-06-13

अमेरिकी सरकार के एक नए निर्देश के बाद एंथ्रोपिक ने अपने प्रमुख एआई मॉडल फेबल 5 और मिथोस 5 तक सभी उपयोगकर्ताओं की पहुंच तुरंत बंद कर दी है। कंपनी ने शुक्रवार रात को जारी एक बयान में बताया कि उसे अमेरिकी सरकार से निर्यात नियंत्रण संबंधी निर्देश मिला, जिसमें राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनजर इन मॉडलों तक विदेशी नागरिकों (अमेरिका के अंदर या बाहर) की पहुंच पर रोक लगाने का आदेश था। इसमें एंथ्रोपिक के विदेशी कर्मचारियों को भी शामिल किया गया है। कंपनी ने तुरंत अनुपालन करते हुए सभी उपयोगकर्ताओं के लिए इन मॉडलों तक पहुंच निलंबित कर दी है। अन्य मॉडल जैसेopus 4.8 पर इस प्रतिबंध का कोई असर नहीं हुआ है। एंथ्रोपिक ने स्पष्ट किया कि सरकार ने इस खतरे के बारे में विस्तृत विवरण नहीं दिया, लेकिन अधिकारियों को आशंका है कि फेबल 5 के सुरक्षा उपायों को बायपास करने वाला एक संभावित "जेलब्रेक" तरीका मौजूद हो सकता है।
यह घटना एंथ्रोपिक द्वारा फेबल 5 और मिथोस 5 के लॉन्च के महज कुछ दिनों बाद हुई है। ये दोनों मॉडल कंपनी के मिथोस प्रीव्यू नामक सामान्य-उद्देश्यीय भाषा मॉडल पर आधारित हैं, जिसे कंपनी ने पहले ही हजारों महत्वपूर्ण सॉफ्टवेयर में कमजोरियों का पता लगाने में सक्षम बताया था। सरकार के निर्देश के जवाब में एंथ्रोपिक का कहना है कि अधिकारियों ने केवल एक संकीर्ण, सार्वभौमिक न होने वाले जेलब्रेक विधि के बारे में मौखिक सबूत दिया है। यह एक व्यापक जेलब्रेक से काफी कम खतरनाक माना जाता है, जो मॉडल की सुरक्षा को पूरी तरह से बायपास कर सकता है। कंपनी का तर्क है कि अगर इसी मानक को उद्योग में लागू किया जाए तो नए मॉडलों का व्यावसायिक तौर पर लॉन्च करना लगभग असंभव हो जाएगा।
अमेरिकी सरकार के निर्देश का राजनीतिक और तकनीकी संदर्भ
अमेरिकी सरकार द्वारा निर्यात नियंत्रण का यह निर्देश राष्ट्रीय सुरक्षा के व्यापक संदर्भ में आता है, जहां सरकारें तेजी से विकसित हो रहे एआई तकनीकों पर नियंत्रण स्थापित करने की कोशिश कर रही हैं। विशेष रूप से वे मॉडल जो सॉफ्टवेयर कमजोरियों की पहचान कर सकते हैं, सरकारों के लिए चिंता का विषय बन गए हैं। ऐसा माना जाता है कि ऐसे मॉडल का उपयोग साइबर हमलों की तैयारी या महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे में सेंध लगाने के लिए किया जा सकता है। अमेरिकी सरकार ने स्पष्ट रूप से इस बात पर जोर दिया है कि राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरा उत्पन्न करने वाले किसी भी तकनीक पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी, चाहे वह अमेरिका के भीतर विकसित हो या विदेशों में।
इस निर्देश के पीछे की तकनीकी चिंता यह है कि फेबल 5 जैसे मॉडल सॉफ्टवेयर कोड की कमजोरियों को स्वचालित रूप से पहचान और ठीक कर सकते हैं, जिससे साइबर सुरक्षा के लिए नए अवसर तो मिलते हैं, लेकिन साथ ही संभावित साइबर अपराधियों के लिए नए हथियार भी बन सकते हैं। सरकार का मानना है कि अगर ऐसे मॉडलों के सुरक्षा उपायों को बायपास किया जा सके, तो वे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन सकते हैं। हालांकि, एंथ्रोपिक का कहना है कि सरकार द्वारा दिए गए सबूत बहुत सीमित हैं और यह मानना जल्दबाजी होगी कि फेबल 5 जैसे मॉडल राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए तात्कालिक खतरा हैं।
फेबल 5 और मिथोस 5: तकनीकी विशेषताएं और उपयोग
फेबल 5 और मिथोस 5 एंथ्रोपिक द्वारा विकसित नवीनतम पीढ़ी के भाषा मॉडल हैं, जिन्हें कंपनी ने मिथोस प्रीव्यू नामक एक सामान्य-उद्देश्यीय भाषा मॉडल के शीर्ष पर बनाया है। मिथोस प्रीव्यू को पहले ही हजारों महत्वपूर्ण सॉफ्टवेयर में कमजोरियों का पता लगाने में सक्षम बताया गया था, जिससे इसे साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना गया। फेबल 5 को विशेष रूप से पाठ-आधारित बातचीत और सामग्री निर्माण के लिए डिजाइन किया गया है, जबकि मिथोस 5 को अधिक तकनीकी और विश्लेषणात्मक कार्यों के लिए तैयार किया गया है।

इन मॉडलों की मुख्य विशेषता उनकी क्षमता है कि वे कोड को पढ़कर उसकी कमजोरियों की पहचान कर सकते हैं और उन्हें ठीक भी कर सकते हैं। यह क्षमता उन्हें सॉफ्टवेयर डेवलपर्स, सुरक्षा शोधकर्ताओं और यहां तक कि सरकारी एजेंसियों के लिए भी उपयोगी बनाती है। हालांकि, इसी क्षमता ने सरकार को चिंतित कर दिया है, क्योंकि अगर इन मॉडलों के सुरक्षा उपायों को बायपास किया जा सके, तो वे साइबर अपराधियों के हाथ में भी एक शक्तिशाली हथियार बन सकते हैं। एंथ्रोपिक का दावा है कि ये मॉडल अभी तक व्यापक स्तर पर तैनात नहीं हुए हैं, इसलिए सरकार का यह निर्णय जल्दबाजी भरा लग सकता है।
जेलब्रेक विधि: खतरा कितना वास्तविक?
सरकार द्वारा उल्लिखित "जेलब्रेक" विधि के बारे में विवरण बहुत सीमित है, लेकिन एंथ्रोपिक ने बताया है कि अधिकारियों को आशंका है कि फेबल 5 के सुरक्षा उपायों को बायपास करने वाला एक संकीर्ण तरीका मौजूद हो सकता है। एक संकीर्ण जेलब्रेक वह होता है जो किसी मॉडल की सुरक्षा को पूरी तरह से बायपास नहीं करता, बल्कि केवल कुछ विशिष्ट परिस्थितियों में ही काम करता है। इसके विपरीत, एक सार्वभौमिक जेलब्रेक वह होता है जो मॉडल की सभी सुरक्षा परतों को पूरी तरह से निष्क्रिय कर सकता है, जिससे मॉडल पूरी तरह से नियंत्रण से बाहर हो जाता है।
एंथ्रोपिक का तर्क है कि सरकार द्वारा बताए गए सबूत बहुत सीमित हैं और यह मानना जल्दबाजी होगी कि फेबल 5 जैसे मॉडल राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए तात्कालिक खतरा हैं। कंपनी का कहना है कि अगर इसी मानक को उद्योग में लागू किया जाए, तो नए मॉडलों का व्यावसायिक तौर पर लॉन्च करना लगभग असंभव हो जाएगा, क्योंकि हर नए मॉडल के लॉन्च से पहले सरकार द्वारा इसकी पूरी तरह से जांच की जाएगी। इससे नवाचार पर गंभीर असर पड़ेगा और तकनीकी प्रगति धीमी हो जाएगी।
वैश्विक एआई नियामक परिदृश्य और इसका प्रभाव
अमेरिकी सरकार का यह निर्णय वैश्विक स्तर पर एआई नियामकों के लिए एक मिसाल बन सकता है। कई देश पहले से ही एआई तकनीकों पर नियंत्रण स्थापित करने की कोशिश कर रहे हैं, खासकर उन तकनीकों पर जो राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा बन सकती हैं। यूरोपीय संघ ने हाल ही में एआई अधिनियम पारित किया है, जो उच्च जोखिम वाले एआई सिस्टम के लिए सख्त नियम निर्धारित करता है। चीन और रूस भी अपनी-अपनी एआई नीतियों पर काम कर रहे हैं, जिनमें राष्ट्रीय सुरक्षा के पहलुओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।








MEFAI के AI से वास्तविक परिणाम प्राप्त करें। Pro प्लान पर $50 की छूट पाएं।
प्रायोजित · पिछला प्रदर्शन भविष्य के परिणामों का संकेत नहीं है। यह वित्तीय सलाह नहीं है।

अगर अमेरिकी सरकार का यह निर्णय अन्य देशों द्वारा भी अपनाया जाता है, तो इसका वैश्विक एआई उद्योग पर गंभीर प्रभाव पड़ेगा। कंपनियों को नए मॉडलों के लॉन्च से पहले सरकारी अनुमोदन की आवश्यकता होगी, जिससे नवाचार की गति धीमी हो सकती है। इसके अलावा, इससे एआई तकनीकों के विकास और तैनाती में असमानता भी आ सकती है, क्योंकि छोटी कंपनियां सरकारी निरीक्षण के बोझ को वहन नहीं कर पाएंगी।
उद्योग जगत की प्रतिक्रिया: नवाचार बनाम नियंत्रण
एंथ्रोपिक के इस मामले ने उद्योग जगत में बहस छेड़ दी है कि क्या एआई तकनीकों पर इस तरह के नियंत्रण नवाचार को रोक सकते हैं। कई विशेषज्ञों का मानना है कि सरकारों को तकनीकी प्रगति को बाधित किए बिना राष्ट्रीय सुरक्षा सुनिश्चित करने के तरीके खोजने चाहिए। दूसरी ओर, कुछ लोग सरकार के इस कदम का समर्थन करते हैं, खासकर जब यह राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों से जुड़ा हो।
एंथ्रोपिक के सीईओ ने एक बयान में कहा है कि कंपनी सरकार के निर्देश का पालन करने के लिए प्रतिबद्ध है, लेकिन वे इस बात पर भी जोर देते हैं कि एआई तकनीकों के विकास में संतुलन बनाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि अगर इसी तरह के मानकों को उद्योग में लागू किया जाता है, तो नवाचार पर गंभीर असर पड़ेगा और इससे अमेरिका वैश्विक एआई प्रतिस्पर्धा में पीछे रह सकता है।
उपयोगकर्ताओं और डेवलपर्स के लिए व्यावहारिक सलाह
इस घटना से एंथ्रोपिक के उपयोगकर्ताओं और डेवलपर्स को महत्वपूर्ण सबक मिल सकते हैं। सबसे पहले, उन्हें यह समझना चाहिए कि सरकारी निर्देशों का पालन करना कंपनियों के लिए अनिवार्य है, और ऐसे मामलों में कंपनियां कानूनी दायित्वों के कारण उपयोगकर्ताओं की पहुंच को तुरंत बंद कर सकती हैं। इसलिए, उपयोगकर्ताओं को अपने महत्वपूर्ण डेटा और परियोजनाओं का नियमित बैकअप लेते रहना चाहिए।

दूसरे, डेवलपर्स को यह ध्यान रखना चाहिए कि भविष्य में एआई मॉडलों का उपयोग करते समय सरकारी नियमों और निर्यात नियंत्रण कानूनों का पालन करना आवश्यक होगा। उन्हें अपने मॉडलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उचित उपाय करने चाहिए, ताकि वे सरकारी निर्देशों का पालन कर सकें। इसके अलावा, उन्हें वैश्विक स्तर पर एआई नियमों में हो रहे बदलावों पर नजर रखनी चाहिए, ताकि वे भविष्य में किसी भी नियामक चुनौती का सामना करने के लिए तैयार रह सकें।
आगे क्या देखना चाहिए?
इस घटना के बाद, उद्योग जगत को अमेरिकी सरकार के आगे के कदमों पर नजर रखनी चाहिए। अगर सरकार अन्य प्रमुख एआई मॉडलों पर भी इसी तरह के प्रतिबंध लगाती है, तो यह वैश्विक एआई उद्योग के लिए एक बड़ा संकेत होगा। इसके अलावा, एंथ्रोपिक द्वारा फेबल 5 और मिथोस 5 को वापस लाने के प्रयासों पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए। अगर कंपनी सरकार को यह विश्वास दिलाने में सफल हो जाती है कि इन मॉडलों से राष्ट्रीय सुरक्षा को कोई वास्तविक खतरा नहीं है, तो प्रतिबंध हटाया जा सकता है।
इसके अलावा, वैश्विक स्तर पर एआई नियामकों के बीच सहयोग बढ़ाने की आवश्यकता है। अगर सभी देश एक ही मानक अपनाते हैं, तो इससे एआई तकनीकों के विकास और तैनाती में एकरूपता आएगी। हालांकि, अगर हर देश अपने-अपने नियम बनाता है, तो इससे उद्योग जगत के लिए अनुपालन करना मुश्किल हो जाएगा। इसलिए, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एआई नियामकों के बीच संवाद और सहयोग को बढ़ावा देना आवश्यक है।
निष्कर्ष
अमेरिकी सरकार के निर्देश के बाद एंथ्रोपिक द्वारा फेबल 5 और मिथोस 5 तक पहुंच बंद करना एआई उद्योग के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ है। यह घटना दिखाती है कि कैसे सरकारें राष्ट्रीय सुरक्षा के नाम पर एआई तकनीकों पर नियंत्रण स्थापित करने की कोशिश कर रही हैं, और इसका उद्योग जगत पर क्या असर पड़ेगा। जबकि सरकारों का यह कदम राष्ट्रीय सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है, लेकिन इससे नवाचार पर भी असर पड़ सकता है। इसलिए, इस संतुलन को बनाए रखना आवश्यक है, ताकि तकनीकी प्रगति भी जारी रहे और राष्ट्रीय सुरक्षा भी सुनिश्चित हो सके। उपयोगकर्ताओं और डेवलपर्स को इस बदलते परिदृश्य के अनुसार खुद को तैयार करना चाहिए और सरकारी नियमों का पालन करते हुए एआई तकनीकों का उपयोग करना चाहिए।
इसमें और देखें कृत्रिम बुद्धिमत्ता

एंथ्रोपिक ने अमेरिकी सरकार के निर्देश पर रोके Fable 5 और Mythos 5 मॉडल
अमेरिकी वाणिज्य विभाग ने Fable 5 और Mythos 5 मॉडल पर निर्यात नियंत्रण लागू कर दिया है, जिससे एंथ्रोपिक को इन्हें तुरंत बंद करना पड़ा। राष्ट्रीय सुरक्षा चिंताओं के चलते सरकार ने इन मॉडलों के विदेशी उपय

सरकार ने क्यों रोकी Anthropic की सबसे ताकतवर AI? जानिए पूरा मामला और भविष्य की चुनौतियाँ
अमेरिकी सरकार ने Anthropic की Claude Fable 5 और Claude Mythos 5 AI मॉडल तक पहुंच तुरंत बंद कर दी है। जानिए क्यों हुआ यह फैसला और इसका तकनीकी तथा व्यावसायिक प्रभाव क्या है।

भारत के लिए सस्ता, तेज़ और सांस्कृतिक रूप से सजग वीडियो AI: अवतार का नया मॉडल 'वर्षा'
अवतार एआई ने वर्षा नामक एक नया वीडियो जनरेशन मॉडल लॉन्च किया है जो भारत के लिए सस्ता, तेज़ और सांस्कृतिक रूप से सजग है।

